– सुरक्षा बलों का मनोबल बढ़ाने व तनाव मुक्ति हेतु ब्रह्माकुमारीज का प्रयास…
– प्रत्येक कार्य को कर्तव्य समझकर पूरी निष्ठा और तन्मयता के साथ करें… अरूण देव गौतम
– अगले क्षण क्या हो जाए निश्चित नहीं, इसलिए इस क्षण को खुशी से जीयें…ई.वी. स्वामीनाथन
नवा रायपुर। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के अनुषांगिक संगठन राजयोगा एजुकेशन एण्ड रिसर्च फाउण्डेशन के सुरक्षा प्रभाग द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य में सुरक्षा बलों के मनोबल में वृद्घि करने तथा तनाव मुक्ति हेतु आयोजित विशेष अभियान का शुभारम्भ नवा रायपुर के सेक्टर-20 स्थित शान्ति शिखर में किया गया।
कार्यक्रम में पुलिस महानिदेशक अरूण देव गौतम, सीआईएसएफ के कमाण्डेन्ट मनिन्दर सिंह, बीएसएफ के कमाण्डेन्ट एस.आर. खान सहित बड़ी संख्या में सुरक्षाबलों के अधिकारी और जवान उपस्थित थे। विषय था: स्व-सशक्तिकरण से राष्ट्र का सशक्तिकरण (Self Empowerment to Nation Empowerment)।
पुलिस महानिदेशक अरूण देव गौतम ने कहा कि मन में जब द्वन्द छिड़ा हो तो उसका समाधान गीता के माध्यम से प्राप्त होता है। मन बड़ा बलवान होता है। इसे बहुत अच्छी तरह से गीता में समझाया गया है। जिस दिन अपने मन को समझ जाएंगे उस दिन बहुत सारी दुविधाओं से मुक्त हो जाएंगे। कभी गुस्सा नहीं आए मन शान्त रहे यह बहुत बड़ी साधना है। प्रत्येक कार्य को कर्तव्य समझकर करें तो मन विचलित नहीं होगा। किसी से दुश्मनी निकालते हैं या मार देते हैं तो मन में पश्चाताप होता है किन्तु देशहित में दुश्मन को कर्तव्य समझकर करेंगे तो मन में पश्चाताप नहीं होगा। अपने कार्य को पूरी निष्ठा और तन्मयता के साथ करें।
उन्होंने योग और निद्रा की चर्चा करते हुए बतलाया कि योग में बुद्घि को जागृत रखें, सजग होकर कर्म करें और अपनी चेतना को बरकरार रखें तो आप जिन्दगी में कभी निराश नहीं होंगे कभी तनाव में नहीं आएंगे।
लाईफ कोच एवं ट्रेनर ई.वी. स्वामीनाथन ने कहा कि देश की रक्षा हम तब कर सकेंगे जब हम स्वयं सुरक्षित रहें और स्वयं की रक्षा के लिए शरीर और मन का स्वस्थ होना जरूरी है। अगर हमने अपने मन का ध्यान नहीं रखा तो कुछ समय बाद हृदयरोग और बाईपास की जरूरत पड़ सकती है। इसलिए स्वस्थ जीवन शैली का अपनाना होगा ताकि मन के साथ-साथ शरीर भी स्वस्थ रहे। स्वास्थ्य के लिए व्यायाम बहुत महत्वपूर्ण है। जब से हम लोग योग दिवस मनाने लगे हैं तब से लोग ज्यादा हेल्थ कान्सियस हो गए हैं। सुबह-सुबह लोग पैदल चलते हैं लेकिन किस मानसिक अवस्था में वाकिंग कर रहे हैं वह बहुत महत्वपूर्ण हो जाता है। उस समय खुशी से अच्छे विचारों में रमण करते हुए वाकिंग करें।
उन्होंने कहा कि जब आप ड्यूटी पूरी करके घर जाते हैं तो आफिस के तनाव को घर लेकर न जाएं। उन्होंने हर कार्य को बहुत खुशी से करने की सलाह देते हुए कहा कि हमारे जीवन में अगले क्षण क्या हो जाए कुछ भी निश्चित नहीं है इसलिए इस क्षण को खुशी के साथ वाह-वाह करके जीना सीखो।
क्षेत्रीय निदेशिका ब्रह्माकुमारी हेमलता दीदी ने कहा कि स्वसशक्तिकरण के लिए स्व की पहचान जरूरी है। प्रेम, सुख, शान्ति आदि आत्मा के मूल गुण है। जब हम धैर्यपूर्वक बहुत सोच-समझकर कोई कार्य करते हैं तब सफलता मिलती है।
सुरक्षा सेवा प्रभाग की गतिविधियों की जानकारी देते हुए रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के ज्वाइन्ट डायरेक्टर कैप्टन शिव सिंह ने सुरक्षा सेवा प्रभाग की सेवाओं की जानकारी देते हुए बतलाया कि यह विंग २००१ में बना और इसकी प्रेरणा स्वयं फौज के अधिकारी ने दी। आज यह विंग समय-समय पर अभियान के द्वारा कश्मीर से लेकर कन्याकुमारी तक अपनी सेवाएं दे रहा है।
प्रारम्भ में रायपुर संचालिका ब्रह्माकुमारी सविता दीदी ने सभी अतिथियों का स्वागत किया। ब्रह्माकुमारी आशा दीदी ने आभार प्रदर्शन किया। सभा का कुशल संचालन सेवानिवृत्त कर्नल बी. सी. सती ने किया। कार्यक्रम के प्रारम्भ में बच्चों ने नृत्य नाटिका के द्वारा सैनिको के शौर्य और बलिदान को प्रदर्शित किया।